Thursday, 1 August 2019
"स्वराज्य हमारा जन्मसिद्ध अधिकार है।" का मूल मंत्र देकर देश को स्वतंत्रता के लिए जागृत किया। आपके प्रखर विचार युवाओं को अनंतकाल तक राष्ट्र के समग्र विकास में सहभागिता के लिए प्रेरित करते रहेंगे। भारतीय राष्ट्रवादी, शिक्षक, समाज सुधारक एवं महान स्वतंत्रता सेनानी लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक जी की पुण्यतिथि पर उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि!
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काम से प्रसंता
अगर हम स्वेच्छा से कोई काम करते है,तो फिर काम जैसा हो,इसका पूरा आनंद उठाते है।यह काम जब पूरा हो जाता है,तो हमे संपूर्णता का अनुभव होता है।इस...

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